Supreme Court News: बॉलीवुड एक्टर सनी देओल की मशहूर फिल्म दामिनी का डायलॉग “तारीख पर तारीख” अब बीते दिनों की बात हो सकती है। भारत की सर्वोच्च अदालत, सुप्रीम कोर्ट, ने मुकदमों की सुनवाई में तेजी लाने की दिशा में एक अहम कदम उठाया है। अब वकीलों से कहा गया है कि वे पहले से बताएं कि किसी मामले में उन्हें अपनी बहस पूरी करने में कितना समय लगेगा। यह पहल सुप्रीम कोर्ट में न्याय मिलने की प्रक्रिया को तेज करने की दिशा में की गई है।
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जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने यह सुझाव दिया है। जस्टिस सूर्यकांत ने स्पष्ट किया कि यह निर्देश नहीं बल्कि एक सलाह होगी, जिसका उद्देश्य है कि अदालत में मामलों की सुनवाई समय पर पूरी हो सके। उन्होंने यह भी बताया कि यह सलाह गर्मी की छुट्टियों के बाद अदालत खुलने पर औपचारिक रूप से जारी की जाएगी।
Supreme Court News: गौरतलब है कि जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस बी. आर. गवई के बाद देश के अगले मुख्य न्यायाधीश (CJI) बनने वाले हैं। यह बात उस समय सामने आई जब सुप्रीम कोर्ट में चीफ इलेक्शन कमिश्नर (CEC) और इलेक्शन कमिश्नर्स (EC) एक्ट, 2023 की वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई हो रही थी।
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Supreme Court News: इस एक्ट के जरिए सीजेआई को चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति करने वाली समिति से हटा दिया गया है। याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने मामले की जल्द सुनवाई की मांग की। उन्होंने तर्क दिया कि यह मामला पूर्व के दो सुप्रीम कोर्ट के फैसलों से मेल खाता है और इसकी त्वरित सुनवाई जरूरी है।
जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि बेंच इस मामले की सुनवाई जल्द शुरू करना चाहती है ताकि EC की नियुक्तियों की प्रक्रिया आगे बढ़ने से पहले विवाद का निपटारा हो सके। हालांकि, समय की कमी के चलते बुधवार को इस मुद्दे पर सुनवाई नहीं हो सकी। प्रशांत भूषण ने गुरुवार को फिर से सुनवाई की मांग की, लेकिन बेंच पहले से तीन सदस्यीय विशेष बेंच के समक्ष चल रहे एक आंशिक रूप से सुने गए मामले में व्यस्त थी।




