इस बार कजरी तीज 12 अगस्त 2025, मंगलवार को मनाया जाएगा. हिंदू पंचांग के अनुसार, हर साल यह पर्व भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है.
इस बार कजरी तीज ग्रहों-नक्षत्रों के नजरिए से बहुत ही खास माना जा रहा है क्योंकि ठीक इसके अगले दिन शुक्र-गुरु की युति पुनर्वसु नक्षत्र में होने जा रही है.
दरअसल, 12 अगस्त को शुक्र दोपहर 2:14 मिनट पर पुनर्वसु नक्षत्र में प्रवेश कर जाएंगे और 13 अगस्त को इसी नक्षत्र में गुरु भी प्रवेश कर जाएंगे.
ज्योतिषियों की मानें, पुनर्वसु नक्षत्र में गुरु-शुक्र की युति से गजलक्ष्मी राजयोग का निर्माण होने जा रहा है. जो कि बहुत ही शुभ योग माना जाता है और जो जातक को धन-दौलत प्रदान करता है.
मेष राशि के जातकों के लिए आने वाला समय शुभ और लाभकारी होगा. गजलक्ष्मी राजयोग के प्रभाव से उनके जीवन में सुख-समृद्धि और खुशियों का आगमन होगा.
वृषभ राशि के जातकों के लिए गजलक्ष्मी राजयोग से नए समय की शुरुआत करेगा. आर्थिक स्थिति में सुधार होगा. धन संबंधी सभी समस्याएं दूर हो जाएंगी. नए आय के स्रोत खुलेंगे, आर्थिक स्थिति मजबूत होगी. जीवन में सुख-शांति आएगी.
मिथुन राशि के जातकों के लिए गजलक्ष्मी राजयोग एक सफल समय की शुरुआत करेगा. नौकरीपेशा लोगों को तरक्की मिलेगी और स्वास्थ्य अच्छा रहेगा
गजलक्ष्मी राजयोग के बनने से कुंभ वालों को मां लक्ष्मी की कृपा से धन लाभ होगा और आय में वृद्धि होगी, जिससे उनके आर्थिक पक्ष में मजबूती आएगी. व्यापारी वर्ग को अच्छा मुनाफा होगा.




