Close Menu
KhabarwaadKhabarwaad
    Top Posts

    छत्तीसगढ़ में 42 GST निरीक्षकों की भर्ती रद्द, मूल पद पर भेजे गए कर्मचारी; जांच में मिलीं कई गड़बड़ियां

    September 16, 2026

    बिना नक्शे के निर्माण पर सख्ती, रावतपुरा फेस-2 में निगम ने शुरू की बुलडोजर कार्रवाई

    September 16, 2026

    गुढ़ियारी थाने में भाजयुमो जिला उपाध्यक्ष ने किया हंगामा, शासकीय कार्य में बाधा पर केस दर्ज

    September 16, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • छत्तीसगढ़ में 42 GST निरीक्षकों की भर्ती रद्द, मूल पद पर भेजे गए कर्मचारी; जांच में मिलीं कई गड़बड़ियां
    • बिना नक्शे के निर्माण पर सख्ती, रावतपुरा फेस-2 में निगम ने शुरू की बुलडोजर कार्रवाई
    • गुढ़ियारी थाने में भाजयुमो जिला उपाध्यक्ष ने किया हंगामा, शासकीय कार्य में बाधा पर केस दर्ज
    • रायपुर कमिश्नरेट में पुलिसकर्मियों का तबादला, देखें लिस्ट…
    • कांग्रेस में गुटबाजी पर पीसीसी चीफ दीपक बैज का पलटवार, बोले- BJP का बनाया हुआ है नैरेटिव
    • PM मोदी के जन्मदिन पर ‘जल जन सेवा संकल्प यात्रा’, 100 युवाओं की टीम वडनगर के लिए रवाना, CM साय ने दिखाई हरी झंडी
    • वर्ल्ड सर्कुलर इकोनॉमी फोरम में छत्तीसगढ़ की पहल, टिकाऊ अपशिष्ट प्रबंधन पर वैश्विक विशेषज्ञों से चर्चा
    • जनजातीय संस्कृति और स्थानीय आजीविका को पर्यटन से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता- मंत्री राजेश अग्रवाल
    Facebook X (Twitter) Instagram
    KhabarwaadKhabarwaad
    Wednesday, September 16
    • Home
    • छत्तीसगढ़
      • रायपुर संभाग
      • दुर्ग संभाग
      • बिलासपुर संभाग
      • बस्तर संभाग
      • सरगुजा संभाग
    • मध्यप्रदेश
    • राष्ट्रीय समाचार
    • अपराध
    • राजनीति
    • धर्म एवं समाज
    • अफसरशाही
    • खेल
    • मनोरंजन
    • स्वास्थ्य
    • राशिफल
    • Auto & Gadget
    KhabarwaadKhabarwaad
    Home » बस्तर पंडुम 2026: 10 जनवरी  से 5 फरवरी तक तीन चरणों में होगा आयोजन, सीएम साय की अध्यक्षता में बैठक

    बस्तर पंडुम 2026: 10 जनवरी  से 5 फरवरी तक तीन चरणों में होगा आयोजन, सीएम साय की अध्यक्षता में बैठक

    Shrikant BaghmareBy Shrikant BaghmareDecember 28, 2025 छत्तीसगढ़ No Comments3 Mins Read

    रायपुर। बस्तर अंचल की समृद्ध लोकपरंपराओं, जनजातीय संस्कृति, कला और विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के उद्देश्य से ‘बस्तर पंडुम’ का आयोजन वर्ष 2026 में भी गत वर्ष की भांति भव्य और आकर्षक रूप में किया जाएगा। इस संबंध में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में विगत दिवस मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में उच्चस्तरीय बैठक संपन्न हुई। बैठक में आयोजन की विस्तृत तैयारियों की समीक्षा की गई तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

    बस्तर पंडुम 2026 का आयोजन 10 जनवरी 2026 से 5 फरवरी 2026 तक तीन चरणों में प्रस्तावित है। इसके अंतर्गत 10 से 20 जनवरी तक जनपद स्तरीय कार्यक्रम, 24 से 30 जनवरी तक जिला स्तरीय कार्यक्रम तथा 1 से 5 फरवरी तक संभाग स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

    इस वर्ष बस्तर पंडुम में विधाओं की संख्या 7 से बढ़ाकर 12 की जा रही है। जिन विधाओं में प्रदर्शन एवं प्रतियोगिताएं होंगी, उनमें बस्तर जनजातीय नृत्य, गीत, नाट्य, वाद्ययंत्र, वेशभूषा एवं आभूषण, पूजा-पद्धति, शिल्प, चित्रकला, जनजातीय पेय पदार्थ, पारंपरिक व्यंजन, आंचलिक साहित्य तथा वन-औषधि प्रमुख हैं।

    मुख्यमंत्री साय ने तैयारियों के संबंध में विभागीय अधिकारियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त की और आयोजन को सुव्यवस्थित, गरिमामय तथा अधिक प्रभावी स्वरूप में संपन्न कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बस्तर पंडुम, बस्तर की असली आत्मा और सांस्कृतिक विरासत का सशक्त मंच है।

    बैठक में यह बताया गया कि बस्तर पंडुम 2026 का लोगो, थीम गीत और आधिकारिक वेबसाइट का विमोचन माँ दंतेश्वरी के आशीर्वाद के साथ मंदिर प्रांगण में ही मुख्यमंत्री  साय द्वारा किया जाएगा। इस अवसर पर वरिष्ठ मांझी–चालकी, गायता–पुजारी, आदिवासी समाज के प्रमुखजन तथा पद्म सम्मान से अलंकृत कलाकार उपस्थित रहेंगे। इस बार विशेष रूप से भारत के विभिन्न देशों में कार्यरत भारतीय राजदूतों को आमंत्रित किए जाने पर भी चर्चा हुई, ताकि उन्हें बस्तर की अद्वितीय सांस्कृतिक धरोहर, परंपराओं और जनजातीय जीवन से अवगत कराया जा सके। साथ ही बस्तर संभाग के निवासी उच्च पदस्थ अधिकारी, यूपीएससी एवं सीजीपीएससी में चयनित अधिकारी, चिकित्सक, अभियंता, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि तथा देश के विभिन्न राज्यों के जनजातीय नृत्य दलों को आमंत्रित करने का भी निर्णय लिया गया।

    प्रतिभागियों के पंजीयन की व्यवस्था इस बार ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से करने का प्रस्ताव है, जिससे अधिकाधिक कलाकारों और समूहों की भागीदारी सुनिश्चित हो सके।

    उल्लेखनीय है कि बस्तर अंचल की कला, शिल्प, त्योहार, खान-पान, बोली-भाषा, आभूषण, पारंपरिक वाद्ययंत्र, नृत्य-गीत, नाट्य, आंचलिक साहित्य, वन-औषधि और देवगुड़ियों के संरक्षण एवं प्रचार-प्रसार के उद्देश्य से कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। इसके तहत बस्तर संभाग के सात जिलों के 1,885 ग्राम पंचायतों, 32 जनपद पंचायतों, 8 नगरपालिकाओं, 12 नगर पंचायतों और 1 नगर निगम क्षेत्र में तीन चरणों में आयोजन होगा। इस आयोजन के लिए संस्कृति एवं राजभाषा विभाग को नोडल विभाग नामित किया गया है।

     

    • Get News Portal Website @Rs.5999 | WhatsApp on +91 8871571321
    • Get Web Hosting @Rs49 | Visit - HostRT.in
    Share. Facebook Twitter LinkedIn Email Telegram WhatsApp
    Shrikant Baghmare
    • Website

    Keep Reading

    छत्तीसगढ़ में 42 GST निरीक्षकों की भर्ती रद्द, मूल पद पर भेजे गए कर्मचारी; जांच में मिलीं कई गड़बड़ियां

    बिना नक्शे के निर्माण पर सख्ती, रावतपुरा फेस-2 में निगम ने शुरू की बुलडोजर कार्रवाई

    गुढ़ियारी थाने में भाजयुमो जिला उपाध्यक्ष ने किया हंगामा, शासकीय कार्य में बाधा पर केस दर्ज

    रायपुर कमिश्नरेट में पुलिसकर्मियों का तबादला, देखें लिस्ट…

    कांग्रेस में गुटबाजी पर पीसीसी चीफ दीपक बैज का पलटवार, बोले- BJP का बनाया हुआ है नैरेटिव

    PM मोदी के जन्मदिन पर ‘जल जन सेवा संकल्प यात्रा’, 100 युवाओं की टीम वडनगर के लिए रवाना, CM साय ने दिखाई हरी झंडी

    Add A Comment

    Comments are closed.

    Khabarwaad Vacancy

    Pages

    • Home
    • About Us
    • Privacy Policy
    • Contact Us

    Categories

    • छत्तीसगढ़
    • मध्यप्रदेश
    • राष्ट्रीय समाचार
    • अपराध
    •  
    • खेल
    • राजनीति
    • धर्म एवं समाज
    • मनोरंजन

    Owner / Editor Details :- 

    Name :- Shrikant Baghmare

    Contact :- 6264 390 985

    Email :- khabarwaadnews@gmail.com

     

    © 2026 Maintained By RTISPL
    • Home
    • About Us
    • Privacy Policy
    • Terms of service
    • Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.