काठमांडू
नेपाल की राजधानी काठमांडू की सड़कों पर सोमवार को बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। सोशल मीडिया बैन के खिलाफ हजारों की संख्या में Gen-Z युवाओं ने सड़क पर उतरकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने संसद परिसर में घुसने की कोशिश की, जिसके बाद पुलिस ने आंसू गैस और पानी की बौछार का इस्तेमाल किया। हालात काबू में न आते देख काठमांडू प्रशासन ने कर्फ्यू लागू कर दिया और सुरक्षा कड़ी कर दी।
सूत्रों के मुताबिक, अब तक प्रदर्शन के दौरान 16 लोगों की मौत हो चुकी है और 100 से ज्यादा लोग घायल हैं। गोलीबारी में अकेले संसद भवन के बाहर 35 प्रदर्शनकारी घायल हुए हैं। पोखरा और इटहरी में भी फायरिंग की खबर है, जबकि पोखरा में गंडकी प्रदेश के मुख्यमंत्री कार्यालय पर पथराव हुआ।
बढ़ते हालात को देखते हुए काठमांडू प्रशासन ने तोड़फोड़ करने वालों को देखते ही गोली मारने के आदेश दिए हैं। संसद भवन के गेट नंबर 2 के पास प्रदर्शनकारियों ने आगजनी भी की, जिसे बुझाने के प्रयास जारी हैं।
स्थिति लगातार बिगड़ने पर नेपाली सेना की तैनाती के आदेश दिए गए हैं। वहीं, नेपाल सरकार ने आपातकालीन सुरक्षा बैठक बुलाई है। फिलहाल राजधानी काठमांडू में रात 10 बजे तक कर्फ्यू लागू रहेगा।




