बठिंडा। सोमवार सुबह जम्मू तवी एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 19223) के बी-1 कोच से अचानक धुआं निकलने से यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। यह ट्रेन सुबह 7:45 बजे बठिंडा रेलवे स्टेशन से फिरोजपुर के लिए रवाना हुई थी। महज 15 मिनट बाद जैसे ही ट्रेन भोकड़ा गांव के पास पहुंची, यात्रियों ने कोच से धुआं उठते देखा।
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हालात को देखते हुए यात्रियों ने तत्परता दिखाते हुए ट्रेन की चेन पुल कर दी, जिसके बाद चालक ने ट्रेन को आपात स्थिति में रोक दिया। ट्रेन के रुकते ही यात्री डर के कारण कोच से बाहर निकल आए। प्रत्यक्षदर्शी यात्री जितेंद्र वर्मा ने बताया कि जैसे ही धुआं दिखाई दिया, यात्रियों में हड़कंप मच गया और तुरंत अलर्ट किया गया।
आधे घंटे तक रुकी रही ट्रेन
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे कर्मचारी और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे। गोनियाना और बठिंडा के बीच ट्रेन लगभग आधे घंटे तक खड़ी रही। तकनीकी जांच के बाद पता चला कि कोच की बेल्ट गर्म हो जाने के कारण धुआं निकला था। मरम्मत दल ने तत्काल समस्या को नियंत्रित किया।
बठिंडा रेलवे स्टेशन अधीक्षक ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि, “कोच की बेल्ट में गर्मी की वजह से धुआं उठा, लेकिन आग नहीं लगी थी। कोई जनहानि नहीं हुई है। आवश्यक मरम्मत के बाद ट्रेन को सुरक्षित रवाना कर दिया गया।”
रेलवे स्टाफ ने यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए अन्य कोचों की भी जांच की। पूरी घटना के चलते ट्रेन करीब आधे घंटे की देरी से अपने गंतव्य फिरोजपुर के लिए रवाना हो सकी।
रेलवे की तत्परता और यात्रियों की सजगता के चलते एक बड़ी घटना टल गई। हालांकि यात्रियों को असुविधा जरूर हुई, लेकिन किसी को कोई चोट नहीं आई।




