ख़बरवाद डॉट कॉम, बिलासपुर। राज्य सेवा से निलंबित अधिकारी सौम्या चौरसिया की जमानत याचिका पर हाईकोर्ट में आज फैसला आएगा। मंगलवार को उनका पक्ष रखते हुए देश के जाने-माने अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये उनका पक्ष रखा, लेकिन कल सुनवाई नहीं हो सकी। इस पर आज सुनवाई होगी। इसके बाद ही पता लग पाएगा कि सौम्या को कोर्ट से राहत मिलती है या फिर उन्हें झटका लगता है।
सौम्या चौरसिया ने अपनी याचिका में कोर्ट को जानकारी दी कि उनके ठिकानों पर ईडी ने 3-3 बार छापे मारे। कार्रवाई में ईडी को कुछ भी हासिल नहीं हुआ। बावजूद इसके ईडी ने उन्हें गिरफ्तार किया. दरअसल उन पर मामले में राजनीतिक द्वेष की वजह से कार्रवाई की गई है। इसलिए कोर्ट से सौम्या ने मांग किया कि उन पर लगे सारे आरोप बेबुनियाद हैं, उन्हें खारिज किया जाए।
बताते चलें कि पिछले दिनों प्रवर्तन निदेशालय ने राज्य के कोल माफिया और राज्य के कई प्रशासनिक अधिकारियों के घर, दफ्तर और उनके ठिकानों पर छापामार कार्रवाई की थी। इस छापामार कार्रवाई में ईडी ने कई अधिकारियों की गिरफ्तारी भी की गई थी। राज्यसेवा की अधिकारी सौम्या चौरसिया को भी मनी लांड्रिंग केस के तहत गिरफ्तार कर लिया गया था। तब से वह रायपुर के जेल में हैं।




