रायपुर. राजधानी रायपुर में कांग्रेसी नेता के भतीजे की हत्या कर दी गई है. 33 दिन बाद लापता युवक की लाश मिली है. मृतक बिरगांव नगर निगम के पार्षद इकराम अहमद का भतीजा था. बताया जा रहा है कि कांग्रेस नेता व पार्षद के भतीजे वाहजुद्दीन उर्फ बाबू (21) इलाके के माफिया की बेटी से प्रेम करता था. दोनों के बीच गहरे सम्बंध थे. इसी बात से युवती का माफिया पिता नाराज था. उसके बाद उसने योजना बनाकर युवक की हत्या कर दी. इसके बाद उसकी लाश को दफना दिया, लेकिन रायपुर पुलिस ने पूरे मामले का राजफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
33 दिन से था लापता
उरला थाना क्षेत्र के बिरगांव स्थित गाजी नगर से कांग्रेसी नेता का भतीजा 25 सितंबर से लापता था. इसकी शिकायत परिजनों ने 2 अक्टूबर को उरला थाने में दर्ज कराई थी. जब से वाहेजुद्दीन उर्फ बाबू लापता हुए था तब से उसका मोबाइल फ़ोन भी बंद आ रहा था. शिकायत के बाद उरला पुलिस ने कुछ संदेहियों को बुलाकर पूछताछ भी किया, लेकिन कोई ठोस जानकारी नहीं मिली. इसके बाद कांग्रेसी नेताओं ने इसकी शिकायत एसएसपी प्रशांत अग्रवाल से की. फिर मामले की जांच के लिए एसीसीयू को सौंपा गया. एसीसीयू को जांच की जिम्मेदारी मिलते ही 24 घंटे के भीतर मामले का खुलासा कर दिए.
ऐसे पकड़े गए आरोपी
मामले की गंभीरता को समझते हुए एसीसीयू ने तत्काल मामले का खुलासा कर दिया है. पुलिस के मुताबिक सीसीटीव्ही फुटेज और मोबाईल के कॉल रिकार्डस का अध्ययन किया गया, लेकिन कोई खास तथ्य नहीं मिल रहे थे. इस बीच गुम इंसान के साथ कोई अनहोनी घटना के संबंध में तफ्तीश की गई. कुछ संदिग्धो से पूछताछ की गई. परिणामतः गुम इंसान के साथ हुई पूर्व में कुछ घटनाओं के मद्देनजर कुछ संदिग्धों पर ध्यान केन्द्रित किया गया. संदिग्ध फिरोज खान निवासी रामेश्वर नगर भनपुरी थाना खमतराई जो कि आपराधिक पृष्ठभूमि का व्यक्ति था. पुलिस ने फिर उसे हिरासत में लिया. उससे पूछताछ की गई. शुरुआत मे वह पुलिस को गुमराह करता रहा. एसीसीयू रायपुर के द्वारा की गई गहन पूछताछ के दौरान उसने अपने साथी विश्वनाथ उर्फ विशु के साथ गुमइंसान को रामेश्वर नगर खमतराई के पीछे रेल्वे ट्रेक के पास बुलाकर उसकी हत्या कर शव को रेल्वे ट्रेक किनारे दफ्न करने की बात की पुष्टि की.
माफिया की बेटी से इश्क करता था मृतक, करवा दी हत्या
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि दुर्गा नगर बीरगांव निवासी करीम खान के कहने पर हत्या की वारदात किया है. पुलिस ने विश्वनाथ और करीम खान को हिरासत में लिया. उनसे भी पूछताछ की गई. पूछताछ पर यह तथ्य सामने आया है कि करीम खान की लड़की के साथ मृतक बाबू उर्फ वाहेजुद्दीन के नाजायज ताल्लुकात थे. करीम खान के द्वारा कई बार मृतक को अपनी लकड़ी से दूर रहने की हिदायत दी गई थी, लेकिन मृतक उसकी लड़की से ताल्लुकात बनाये हुआ था. इसी नाराजगी में करीम खान के द्वारा फिरोज खान और विश्वनाथ की मदद से हत्या की वारदात को अंजाम दिये जाने की बात सामने आई है. फिरोज खान और विश्वनाथ की निशानदेही पर शुक्रवार को रामेश्वर नगर खमतराई रेल्वे ट्रेक के किनारे गुम इंसान बाबू उर्फ वाहेजुद्दीन के शव को अतिरिक्त तहसीलदार हरीश धु्रव के सामने बरामद किया गया.




