रायपुर। देश में चल रहा माओवाद के खिलाफ अभियान अब अपने अंतिम दौर में है। माओवाद के ताबूत में एक और कील के रूप में सुरक्षा बल के जवानों में हिड़मा को मार गिराया है। छत्तीसगढ़ के सुकमा और आंध्र प्रदेश की सीमा पर मंगलवार को जारी मुठभेड़ में सुरक्षाबल के जवानों ने 6 माओवादियों को मार गिराया है। इसमें एक करोड़ ईनामी कुख्यात माओवादी हिड़मा भी शामिल है।

मिली जानकारी के अनुसार, मुठभेड़ में हिड़मा, उसकी पत्नी राजे और 25 लाख का इनामी माओवादी एसजेडसीएम टेक शंकर मारा गया है। यह इनकाउंटर सुरक्षाबलों के लिए एक बड़ी सफलता बतायी जा रही है। आंध्र-प्रदेश की ग्रे-हांउड टीम ने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया है।
मारे गए माओवादियों की पहचान:
हिड़मा: केंद्रीय समिति का सदस्य
राजे: हिड़मा की पत्नी और क्षेत्रीय समिति की सदस्य
लखमल: जिला कमेटी सदस्य
कमलू: पुलिस उप-कमांडेंट
मल्ला: पुलिस उप-कमांडेंट
देवे: हिदमा का अंगरक्षक

घटनास्थल से हथियार बरामद
मुठभेड़ के बाद अधिकारी ने प्रेस कांफ्रेंस कर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि, घटनास्थल से भारी मात्रा में हथियार बरामद हुआ है। जिनमें 2 एके 47 1 पिस्टल 1 रिवॉल्वर v ek singl, शर्ट, रायफल बरामद किया गया है।
मुख्य हमले जिनमें हिडमा शामिल था
- 2010 दंतेवाड़ा हमला: 76 सीआरपीएफ जवान शहीद
- 2013 झीरम घाटी नरसंहार: 27 लोग मारे गए, जिनमें शीर्ष कांग्रेसी नेता शामिल
- 2021 सुकमा-बीजापुर मुठभेड़: 22 सुरक्षा कर्मी शहीद
सबसे युवा सेंट्रल कमेटी मेंबर था हिड़मा
बताया जाता है कि, माड़वी हिडमा (जन्म लगभग 1981) बस्तर संभाग का ही रहने वाला था। अपनी नियुक्ति के समय भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) की केंद्रीय समिति का सबसे युवा सदस्य था। हिडमा छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों पर हुए विभिन्न हमलों और 2013 में झीरम घाटी में हुए नक्सली हमले के लिए ज़िम्मेदार था। उसकी गिरफ्तारी पर 1 करोड़ का ईनाम रखा गया था।




