बीजापुर। जिले के उसूर थाना क्षेत्रान्तर्गत कर्रेगुट्टा पहाड़ में ताड़पाला क्षेत्र में 04 नवंबर 2025 को नवीन सुरक्षा एवं जन-सुविधा कैम्प की स्थापना की गई। जिले में माओवादियों के विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही के उद्देश्य से दिनांक 1 नवंबर 2025 को प्रारंभ किये गये माओवादी विरोधी अभियान के तहत् डीआरजी, एसटीएफ, कोबरा 205, 210 एवं केरिपु 196 की संयुक्त टीमों द्वारा 03/11/2025 को ताड़पाला पहुँचकर जिला पुलिस बल एवं केरिपु के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में उपयुक्त स्थान का चयन किया गया और दिनांक 04/11/2025 को कर्रेगुट्टा पहाड़ पर ताड़पाला क्षेत्र में कैंप की सफलतापूर्वक स्थापना की गई।

प्राकृतिक चुनौतियों के बीच साहसिक कार्य
दुर्गम भू-भाग, सड़क संपर्क का अभाव, कठिन चढ़ाई, लगातार IED एवं एम्बुश का खतरा व पानी के अभाव जैसे प्रतिकूल परिस्थितियों के बावजूद सुरक्षा बलों ने अदम्य साहस और उत्कृष्ट कार्य-दक्षता का परिचय देते हुए निर्धारित स्थल पर कैंप की स्थापना सफलतापूर्वक पूर्ण की है। यह कदम न केवल सुरक्षा की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, बल्कि इस क्षेत्र में माओवादी विरोधी अभियानों की प्रभावशीलता और गति को और अधिक सुदृढ़ करने हेतु एक रणनीतिक पहल भी है।
साथ ही क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए इस कैंप को आगे चलकर जंगल वारफेयर, फील्ड क्राफ्ट एंड टैक्टिक्स एवं अन्य व्यावहारिक प्रशिक्षणों के लिए एक विशेषीकृत प्रशिक्षण केन्द्र के रूप में विकसित किए जाने की योजना है, जिससे सुरक्षा बलों की कार्य क्षमता और भी अधिक सशक्त होगी।

अंतर्राज्यीय समन्वय एवं अभियान की मजबूती
ताड़पाला से छत्तीसगढ़–तेलंगाना सीमावर्ती क्षेत्रों में माओवादियों के विरुद्ध संयुक्त एवं प्रभावी अभियान संचालित किए जाएंगे। कैंप स्थापना के दौरान हेलीकॉप्टर सपोर्ट निरंतर मिलता रहा तथा वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा समय-समय पर स्थापित कैंप पहुँचकर मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
वर्ष 2024 से अब तक बीजापुर जिले में 22 सुरक्षा कैम्प स्थापित किए गए हैं।
इन सतत प्रयासों के परिणामस्वरूप —749 माओवादी आत्मसमर्पण, 202 माओवादी मारे गए, 1006 माओवादी गिरफ्तार किये गए हैं । साथ ही बस्तर संभाग में 210 माओवादियों ने हथियारों सहित आत्मसमर्पण किया है, जो नक्सल उन्मूलन अभियान की बड़ी रणनीतिक सफलता है । कैम्प ताड़पाला के स्थापना के बाद से अब तक क्षेत्र में 14 IED सुरक्षा बलों के द्वारा बरामद किया गया जिसे बीडी टीम के द्वारा सुरक्षित तरीके से नष्टीकरण किया गया ।

वर्ष 2023–24 एवं 2024–25 में बीजापुर जिले में कुल 44 नवीन सुरक्षा कैम्प स्थापित किए जा चुके हैं।
“नियद नेल्ला नार” योजना के अंतर्गत इन क्षेत्रों में —सड़क निर्माण,बिजली आपूर्ति,जल सुविधा,स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार,स्कूल/आंगनबाड़ी की स्थापना,मोबाइल नेटवर्क संचार माध्यम का सुदृढीकरण एवं अन्य जन-सुविधाओं में तीव्र प्रगति हुई है।




