तेल अवीव। ईरान और इजरायल के बीच जारी सैन्य संघर्ष मंगलवार को और अधिक उग्र हो गया, जब ईरान ने अपने सेना प्रमुख अली शादमानी की हत्या का बदला लेने के लिए इजरायल पर अब तक का सबसे बड़ा सैन्य हमला कर दिया। इस हमले में ईरानी सेना ने इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद के मुख्यालय सहित कई महत्वपूर्ण सैन्य और रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाया।
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ईरानी हमले में कुल 370 से अधिक मिसाइलें और सैकड़ों सशस्त्र ड्रोन इजरायल की ओर दागे गए। इजरायली अधिकारियों ने बताया कि इस हमले में अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 500 से अधिक लोग घायल हुए हैं। इजरायल के कई शहरों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनाई दीं और लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
उत्तर इजरायल में भारी नुकसान
इजरायली रक्षा बलों (IDF) के अनुसार, ईरानी मिसाइलों ने उत्तरी इजरायल के कई इलाकों को प्रभावित किया, जिससे जानमाल का भारी नुकसान हुआ है। हालांकि, इजरायल की आयरन डोम रक्षा प्रणाली ने कई मिसाइलों को हवा में ही नष्ट कर दिया, लेकिन सैकड़ों मिसाइलें और ड्रोन लक्ष्यों तक पहुंचने में सफल रहे।
तेहरान में हालात तनावपूर्ण
हमले के बाद ईरान की राजधानी तेहरान में भी असामान्य हालात देखे गए। शहर के अधिकांश हिस्सों में दुकानें बंद रहीं और नागरिकों में भय का माहौल देखा गया। स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक, लोग पेट्रोल पंपों पर गैस भरवाने के लिए लंबी कतारों में खड़े नजर आए। राजधानी के मुख्य बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और सुरक्षा बलों की भारी तैनाती की गई।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह हमला क्षेत्रीय संघर्ष को व्यापक युद्ध में बदल सकता है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है।




