रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र के तीसरे दिन की कार्यवाही बुधवार को प्रश्नकाल के साथ शुरू हुई। सदन में उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा और स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल से संबंधित विभागीय सवालों पर जवाब लिया गया। इस दौरान साइबर क्राइम, प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन और बंद पड़ी जांच मशीनों के संचालन जैसे विषयों पर विधायकगणों ने प्रश्न पूछे।
छत्तीसगढ़ विधानसभा में मानसून सत्र का तीसरा दिन, साइबर क्राइम से लेकर स्वास्थ्य मिशन तक उठे सवाल , योजनाओं, विद्यालयों के उन्नयन और पुल निर्माण को लेकर कई याचिकाएं हुईं प्रस्तुत
कार्यवाही के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने आवश्यक दस्तावेज सदन में पटल पर रखे। सदन में कृषि यंत्रों के वितरण में अनियमितता और खदान क्षेत्रों में प्रदूषण जैसे मुद्दों पर भी ध्यानाकर्षण प्रस्ताव लगाए गए।
याचिकाओं की प्रस्तुति
विधायक कुंवर सिंह निषाद ने गुण्डरदेही क्षेत्र के लिए सिंचाई परियोजना, नई सड़क निर्माण, हाईस्कूल व प्राथमिक स्कूल भवन, और हायर सेकेंडरी स्कूल उन्नयन से जुड़ी याचिकाएं प्रस्तुत कीं।
विधायक अजय चंद्राकर ने कुरूद क्षेत्र में उच्च स्तरीय पुल निर्माण, जबकि विधायक रोहित साहू ने राजिम क्षेत्र में बीएससी नर्सिंग कॉलेज, नई शैक्षणिक शाखाओं, पीजीडीसीए कोर्स, और बीएड व डीएड कन्या कॉलेज खोलने की मांग रखी।
विधेयकों के संशोधन प्रस्ताव
सरकार की ओर से चार अहम विधेयकों के संशोधन प्रस्ताव पेश किए गए:
- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ निजी विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2025 (क्रमांक 15) का पुरःस्थापन प्रस्तावित किया।
- कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कृषि उपज मंडी (संशोधन) विधेयक, 2025 (क्रमांक 16) का प्रस्ताव रखा।
- राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने भू-राजस्व संहिता (संशोधन) विधेयक, 2025 (क्रमांक 18) को प्रस्तुत किया।
- वाणिज्यिक कर मंत्री ओपी चौधरी ने बकाया कर, ब्याज एवं शास्ति निपटान (संशोधन) विधेयक, 2025 (क्रमांक 19) का प्रस्ताव दिया।




