धमतरी। उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व में एक बार फिर वन अमले की सतर्कता से एक तेंदुआ शिकारियों के फंदे का शिकार होने से बच गया। यह घटना सीतानदी अभ्यारण्य के तौरेंगा बफर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम कौकोड़ी की है, जहां झाड़ियों में तेंदुए के फंसे होने की सूचना मिली थी।
सूचना मिलते ही गुरुवार दोपहर वन उपनिदेशक वरुण जैन के निर्देशन में एक टीम मौके के लिए रवाना की गई। एसडीओ गोपाल कश्यप ने जान जोखिम में डालते हुए रस्सी के जाल की मदद से तेंदुए को सुरक्षित रूप से काबू में लिया। जांच में सामने आया कि तेंदुए के गले में बीते सात दिनों से दो क्लच वायर के फंदे फंसे हुए थे, जिससे न केवल उसकी जान को खतरा था, बल्कि आसपास के आबादी क्षेत्र में हमले की आशंका भी बनी हुई थी।
जंगल सफारी के डॉक्टर जय किशोर जडिया की टीम ने मौके पर ही तेंदुए का उपचार किया और दोनों क्लच वायर फंदों को हटाकर उसकी जान बचाई। उपचार के बाद तेंदुए की हालत स्थिर बताई जा रही है।
वन उपनिदेशक वरुण जैन ने बताया कि अवैध शिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी है और सूचना देने वालों के लिए इनाम योजना भी लागू की गई है। उल्लेखनीय है कि दो दिन पहले मगरलोड क्षेत्र में एक तेंदुए का शिकार किया गया था, जिसके मामले में आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।




