बिलासपुर। क्षेत्र के करपिहा जंगल में एक युवक की जली हुई लाश मिलने से सनसनी फैल गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू की तो मामला शिकारियों के करंट जाल से जुड़ा निकला। प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि शिकारियों ने जानवरों को मारने के लिए जंगल में करंट बिछाया था, जिसकी चपेट में आने से युवक की मौत हो गई। घटना को छिपाने के लिए आरोपियों ने युवक के शव को घने जंगल में ले जाकर जला दिया।
घटना का खुलासा तब हुआ जब पांच दिन बाद ग्रामीणों को जंगल से तेज दुर्गंध आने लगी। जानकारी के अनुसार, कुछ ग्रामीण लकड़ी लेने के लिए करपिहा जंगल पहुंचे थे। वहां दुर्गंध महसूस होने पर उन्होंने तलाश की तो झाड़ियों के बीच जला हुआ शव मिला। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची कोटा पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
जांच के दौरान घटनास्थल से जीआई तार भी बरामद हुए। पूछताछ में सामने आया कि तखतपुर क्षेत्र के छिरहापारा धुमा गांव निवासी अयोध्या सिंह खुसरो (35) 29 अक्टूबर से लापता था। परिजनों को बुलाकर शव की पहचान कराई गई।
कोटा टीआई तोपसिंह नवरंग ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि स्थानीय शिकारियों ने जानवरों को मारने के लिए जंगल में करंट फैलाया था। युवक संभवतः उसकी चपेट में आ गया और उसकी मौत हो गई। मामला छिपाने के लिए शव को जलाया गया। पुलिस ने संदेह के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लिया है और मामले की गहन जांच जारी है।




