रायपुर। छत्तीसगढ़ कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने धमतरी और रायपुर में हाल ही में हुए हत्याकांडों को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को पत्र लिखा है। उन्होंने मृतकों के परिजनों को 50-50 लाख रुपए मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की है।
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बैज ने पत्र में लिखा कि प्रदेश में नशे का कारोबार तेजी से फैल रहा है। शराब, स्मैक, ड्रग्स, कोकीन, हेरोइन और गांजा जैसी नशीली चीजें आसानी से उपलब्ध हो रही हैं, जिसके कारण अपराध लगातार बढ़ रहे हैं। उन्होंने सरकार से इस पर कड़ी कार्रवाई करने की अपील की।
धमतरी ढाबा हत्याकांड का जिक्र
बैज ने धमतरी के ढाबा हत्याकांड का जिक्र करते हुए कहा कि रायपुर के तीन युवकों आलोक सिंह ठाकुर, नितिन टंडन और सुरेश हियाल की बेरहमी से हत्या कर दी गई। उन्होंने आरोप लगाया कि अपराधियों की तस्वीरों से साफ है कि वे नशे की हालत में थे और हत्या सुनियोजित तरीके से की गई।
रायपुर डिलीवरी बॉय हत्याकांड पर सवाल
बैज ने रायपुर के चंगोराभाठा इलाके में मामूली गाड़ी टकराने के विवाद में डिलीवरी बॉय हेमंत कंवर की हत्या के मामले पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि मृतक युवक बेगुनाह और घर का इकलौता कमाने वाला था। बावजूद इसके शासन-प्रशासन ने अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया है।
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कथित एनकाउंटर पर भी उठाए सवाल
कथित एनकाउंटर को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि, नारायणपुर जिले में अभय नेताम और उसके दो साथी चिड़िया मारने गए थे। अभय नेताम ने कहा कि वह नक्सली नहीं, सिर्फ चिड़िया मारने आया था। इसके बावजूद उसकी पीठ में गोली मार दी गई, गोली आर-पार हो गई।
दीपक बैज ने कहा कि, कौन है जिम्मेदार इस फर्जी एनकाउंटर का? सरकार और गृहमंत्री अब तक चुप क्यों हैं?” उन्होंने कहा कि यह साफ किया जाए कि अभय नेताम नक्सली है या फर्जी एनकाउंटर का शिकार। बैज ने आरोप लगाया कि आदिवासी युवाओं को लगातार फर्जी मुठभेड़ों में मारा जा रहा है ।
दीपक बैज ने कहा कि आज भी बस्तर के हालात ठीक नहीं हैं। कांग्रेस ने इस मामले की जांच के लिए मोहन मरकाम की अध्यक्षता में कमेटी गठित की है। बैज ने चेतावनी दी कि अगर जिम्मेदारों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो कांग्रेस और आदिवासी संगठन बड़ा आंदोलन करेंगे।




