रायपुर। छत्तीसगढ़ में एक बार फिर मौसम का मिजाज बदलने वाला है। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है। कई इलाकों में बादल गरजने, बिजली चमकने और तेज आंधी-तूफान की भी आशंका व्यक्त की गई है।
मौसम विभाग ने बुधवार को राज्य के 30 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है। इसमें बिजली गिरने और गरज-चमक के साथ तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है। हालांकि, सूरजपुर, कोरिया और बलरामपुर जिलों में मौसम सामान्य रहने का अनुमान है।
विभाग के अनुसार, 10 अक्टूबर के बाद उत्तर छत्तीसगढ़ में बारिश और गरज-चमक की तीव्रता में कमी आने के संकेत हैं। इस बीच सरगुजा संभाग में तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है और सुबह-शाम हल्की धुंध देखी जा रही है। मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में ठंड धीरे-धीरे बढ़ने लगेगी।
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मानसून की वापसी में होगी देरी
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 30 सितंबर तक होने वाली बारिश को मानसूनी बारिश माना जाता है, जबकि इसके बाद की बारिश को ‘पोस्ट मानसून’ यानी मानसून के बाद की बारिश कहा जाता है। वर्तमान में देश के कई हिस्सों से मानसून की वापसी शुरू हो चुकी है।
आमतौर पर छत्तीसगढ़ में 5 अक्टूबर के आसपास सरगुजा क्षेत्र से मानसून की वापसी शुरू हो जाती है, लेकिन इस बार वापसी में देरी हो रही है। मौसम विभाग का अनुमान है कि इस वर्ष प्रदेश से मानसून लगभग 15 अक्टूबर के बाद लौटेगा, यानी सामान्य समय से करीब 10 दिन देरी से।




