नवी मुंबई। डीवाई पाटिल स्टेडियम में खेले गए आईसीसी महिला क्रिकेट विश्व कप 2025 के फाइनल में भारतीय टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया। टीम इंडिया ने दक्षिण अफ्रीका को 52 रन से हराकर पहली बार वूमेंस वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया।
पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने निर्धारित 50 ओवर में 7 विकेट खोकर 298 रन बनाए। जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ्रीकी टीम 46वें ओवर में 246 रन पर सिमट गई। दीप्ति शर्मा ने गेंद और बल्ले दोनों से शानदार प्रदर्शन किया और भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई।
भारत की पारी की शुरुआत स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा ने संभाली। दोनों ने पहले विकेट के लिए शतकीय साझेदारी कर मजबूत नींव रखी। मंधाना 45 रन बनाकर आउट हुईं जबकि शेफाली ने 78 गेंदों में 87 रन की दमदार पारी खेली। जेमिमा रोड्रिग्स 24 रन बनाकर पवेलियन लौटीं, जबकि दीप्ति शर्मा ने मध्यक्रम में 58 रन की जिम्मेदार पारी खेली। अंत में ऋचा घोष ने 24 गेंदों में 34 रन की तेजतर्रार पारी खेलते हुए स्कोर को 298 तक पहुंचाया।
दक्षिण अफ्रीका के लिए अयाबोंगा खाका ने 3 विकेट लिए, जबकि एन मल्बा, क्लो ट्रायन और नाडिन डीक्लर्क को 1-1 सफलता मिली।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी साउथ अफ्रीका की टीम ने एक समय 39 ओवर तक 200 से अधिक रन बना लिए थे और मैच पर पकड़ मजबूत कर ली थी। लेकिन 40वें ओवर में दीप्ति शर्मा ने अनेरी डर्कसेन को आउट कर मैच का रुख बदल दिया। इसके बाद 42वें ओवर में उन्होंने कप्तान लौरा वॉलवार्ट और एक अन्य बल्लेबाज को पवेलियन भेजकर भारत को जीत के करीब पहुंचा दिया।
दीप्ति ने अपने आखिरी ओवर में नादिन डीक्लर्क को रनआउट कर भारत को ऐतिहासिक जीत दिला दी। पूरे मैच में उन्होंने चार विकेट झटके और फाइनल की निर्णायक खिलाड़ी रहीं।
इस जीत के साथ भारतीय महिला टीम ने पहली बार आईसीसी वूमेंस वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया, जिससे देशभर में जश्न का माहौल है।




