Mahadev Book Satta Case: आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरों ने महादेव ऑनलाइन बुक सट्टा केस में जेल में बंद निलंबित एएसआई चंद्रभूषण वर्मा के मैनेजर किशन वर्मा को गिरफ्तार किया है। किशन ही सट्टे की अवैध रकम को संभालने और उसे वैध बनाने का काम करता था।
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Mahadev Book Satta Case: आरोपी ने इसी तरह महादेव ऑनलाइन सट्टा एप के द्वारा अवैध रूप से कमाए गए 58 करोड रुपए को अवैध से वैध किया था। आरोपी को गिरफ्तार कर आज ईओडब्ल्यू की विशेष कोर्ट में पेश किया गया, जहां से 19 जुलाई तक न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है। बता दे कि महादेव ऐप घोटाले के सभी आरोपियो की न्यायिक रिमांड 19 जुलाई को खत्म हो रही है।
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नीचे पढ़े ईओडब्ल्यू द्वारा जारी प्रेस नोट में गिरफ्तार आरोपी के संबंध में क्या कुछ लिखा गया है…
Mahadev Book Satta Case: ”आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो द्वारा जांच की जा रही महादेव ऑनलाईन बुक सट्टा मामले में आज किशन लाल वर्मा को गिरफ्तार किया गया है। पूछताछ में बताया कि उसके द्वारा चंद्रभूषण वर्मा, मो. जासिफ राहुल वक्टे आंदि लोगों के साथ मिलकर महादेव ऑनलाईन बुक सट्टा के प्रमोटर्स रवि उप्पल एवं अन्य माध्यमों से आये हवाला के माध्यम से आये 58 करोड़ रूपये से अधिक के रकम को फर्मों/ कंपनियों जैसे एम. के. इंटरप्राईजेस, आदित्य ट्रेडिंग कंपनी, सृजन एसोसिएट, सृजन इंटरप्राईजेस प्रा.लि., सृजन ट्रेडिंग कंपनी आदि के माध्यम से फर्जी /बोगस बिल, बैंक एन्ट्री दिलाकर अवैध रकम को वैध स्वरूप प्रदान करने में सहयोग किया गया है।
आरोपी किशन लाल वर्मा एम.के. इंटरप्राईजेस के प्रोप्राईटर भी हैं उसने फर्मों/कंपनियों के जरिये चंद्रभूषण वर्मा एवं अन्य के साथ मिलकर हवाला रकम को विभिन्न फर्मों / कंपनियों, जमीन खरीदने में निवेश एवं अन्य व्यक्तियों को वितरण में भी शामिल है। इसके बैंक खाते से 43 लाख से अधिक की रकम को फीज कराया गया है। प्रकरण में पूछताछ एवं अग्रिम वैधानिक कार्यवाही जारी है।”




