Potakebin student dies of sickle cell disease: छत्तीसगढ़ में बीजापुर जिले के एक पोटाकेबिन में दूसरी कक्षा में पढ़ने वाले छात्र की सिकलिन की बीमारी से मौत हो गई है। बताया जा है कि 10 दिन पहले मलेरिया से ठीक हुआ था। शरीर में खून की कमी हो गई थी। जिला अस्पताल में ब्लड चढ़ाने से पहले ही छात्र ने दम तोड़ दिया।
छात्र का नाम मड़कम देवा है, जो सेंड्रा इलाके का रहने वाला था। यह बासागुड़ा की पोटाकेबिन में दूसरी कक्षा में पढ़ाई करता था। पिछले कुछ दिनों से लगातार बीमार चल रहा था। पोटाकेबिन में जब यह बीमार हुआ तो मलेरिया टेस्ट करवाया गया था। इसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी।
5 दिन से चल रहा था इलाज
Potakebin student dies of sickle cell disease: जिसके बाद इसे बासागुड़ा के अस्पताल में ही भर्ती किया गया था। करीब 4 से 5 दिन तक इलाज चलता रहा। इलाज से मलेरिया की बीमारी तो ठीक हो गई थी, लेकिन शरीर कमजोर हो गया था। सिकलिन से जूझ रहा था। जिसके बाद बेहतर उपचार के लिए इसे जिला अस्पताल लाया गया था।
शरीर पर 1 ग्राम ब्लड था
Potakebin student dies of sickle cell disease: जहां डॉक्टरों ने इसका ब्लड टेस्ट किया। जिसमें ब्लड केवल 1 ग्राम पाया गया। इसे ब्लड चढ़ाने की तैयारी कर रहे थे। इसी बीच हालत और अधिक बिगड़ गई। जिसके बाद उसे तत्काल जिला अस्पताल से जगदलपुर रेफर किया गया था। जहां कल 20 अगस्त को इसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया था। बीजापुर CMHO बीआर पुजारी ने कहा कि, सिकलिन और खून की कमी की वजह से इसकी मौत हुई है। पिछले 4 से 5 महीनों के अंदर 3 से 4 छात्र-छात्राओं ने दम तोड़ा है।




