रायपुर-विशाखापटनम भारतमाला परियोजना में मुआवजा वितरण घोटाले की जांच में अपात्र लोगों को भुगतान और राशि निर्धारण में अनियमितताओं की पुष्टि हुई है। रायपुर और धमतरी में एडिशनल कलेक्टर की अगुवाई में जांच चल रही है। धमतरी में भू-स्वामियों और राजस्व अधिकारियों की मिलीभगत से अधिक मुआवजा देने का मामला सामने आया है।
ईओडब्ल्यू-एसीबी की कार्रवाई
ईओडब्ल्यू-एसीबी ने एक दर्जन लोगों के खिलाफ अपराध दर्ज किया, जिसमें चार गिरफ्तारियां हुईं, लेकिन सभी जमानत पर रिहा हैं। जांच में मुआवजा घोटाले की पुष्टि हुई थी।
आगे की कार्रवाई
कमिश्नर महादेव कांवरे ने बताया कि 15 अगस्त तक जांच रिपोर्ट शासन को सौंपी जाएगी। इसके बाद मामला ईओडब्ल्यू-एसीबी को सौंपा जा सकता है। नई एफआईआर और बड़ी कार्रवाई की संभावना है।




