सारंगढ़-बिलाईगढ़,: जिले के बिलाईगढ़ थाना क्षेत्र के धारासिव गांव में रविवार सुबह पनखत्ति तालाब के किनारे एक पूर्ण विकसित मानव भ्रूण मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। इस घटना ने न केवल ग्रामीणों को स्तब्ध कर दिया, बल्कि सामाजिक और नैतिक सवाल भी खड़े कर दिए हैं।
बीजापुर में नक्सली हैवानियत की फिर हद पार: जंगल में बिछाए IED की चपेट में आया निर्दोष ग्रामीण, हालत गंभीर
घटना का विवरण
स्थानीय लोगों के अनुसार, सुबह जब कुछ ग्रामीण तालाब की ओर गए, तो उन्हें पानी के किनारे एक संदिग्ध वस्तु दिखाई दी। पास जाकर देखने पर यह एक पूर्ण विकसित मानव भ्रूण निकला, जिसके अंग जैसे आंखें, कान, हाथ और पैर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे थे। अनुमान लगाया जा रहा है कि भ्रूण को जन्म से ठीक पहले या कुछ समय पहले गर्भ से निकाला गया होगा। ग्रामीणों ने तुरंत इसकी सूचना बिलाईगढ़ थाना पुलिस को दी।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और तालाब क्षेत्र की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी। भ्रूण को बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है, ताकि उसकी आयु, लिंग और मौत के कारणों का पता लगाया जा सके।
ग्रामीणों में आक्रोश
घटना के बाद गांव में रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने इसे अमानवीय और घृणित कृत्य बताते हुए पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की है। कुछ लोगों ने आशंका जताई कि यह अवैध गर्भपात का मामला हो सकता है, जिसे छिपाने के लिए भ्रूण को तालाब में फेंका गया। ग्रामीण रामलाल साहू ने कहा, “यह घटना हमारे समाज के लिए शर्मनाक है। ऐसी कुप्रथाओं को रोकने के लिए कठोर कदम उठाने की जरूरत है।”




