रायपुर। छत्तीसगढ़ में प्राचार्य पदोन्नति की राह देख रहे सैकड़ों शिक्षकों को एक बार फिर निराशा हाथ लगी है। हाईकोर्ट की सिंगल बेंच में मंगलवार को सुनवाई होनी थी, लेकिन केस सूची में होने के बावजूद 104-A1 नंबर पर दर्ज स्टे केस की सुनवाई नहीं हो सकी। इससे शिक्षक वर्ग में मायूसी का माहौल है, क्योंकि उम्मीद थी कि इस सुनवाई के बाद प्रमोशन का रास्ता पूरी तरह साफ हो जाएगा।
छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा ने बताया कि उन्होंने शिक्षा विभाग के पदोन्नति संबंधित अधिकारियों से संपर्क किया है। अधिकारियों ने आश्वस्त किया है कि विभाग पूरी तरह सजग और स्थिति से अवगत है, और जल्द से जल्द पदोन्नति की प्रक्रिया को अमल में लाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
जानकार अधिवक्ताओं से प्राप्त सूचना के अनुसार, उक्त प्रकरण की अगली संभावित सुनवाई 11 जुलाई को हो सकती है। न्यायिक प्रक्रिया की गति को तेज करने की कोशिशें जारी हैं। विशेष बात यह है कि प्रकरण के याचिकाकर्ता नारायण प्रकाश तिवारी 30 जून को सेवानिवृत्त हो चुके हैं, जिसे आधार बनाकर एडवोकेट जनरल यशवंत ठाकुर कोर्ट में प्रे-मेंशन कर सकते हैं कि अब याचिका अपने मूल उद्देश्य से परे हो चुकी है, अतः स्टे को शीघ्र हटाया जाए।




