जगदलपुर। जिले में लगातार भारी बारिश और बाढ़ ने ग्रामीणों की जिंदगी को पूरी तरह बदल दिया है। लौहंडीगुड़ा ब्लॉक के मांदर पंचायत में हालात सबसे ज्यादा गंभीर हैं। तेज बारिश से आई बाढ़ ने पंचायत के 20 से 25 मकानों को पूरी तरह ढहा दिया, जबकि सौ से अधिक मकानों में दरारें आ गईं। बाढ़ में ग्रामीणों के 50 से अधिक मवेशी बह गए और खेतों में खड़ी फसल पूरी तरह नष्ट हो गई।
एक महिला ने बताया कि घरों में अनाज का एक दाना तक नहीं बचा। बरसों से संजोए कपड़े, बर्तन, पैसा और अन्य सामान भी बाढ़ की लहरों में बह गए। उनका कहना था कि रेस्क्यू टीम पास के मोहल्ले में काम कर रही थी, लेकिन उनके घर के पीछे फंसे लोगों तक मदद नहीं पहुंची। जब पानी घटा, तब वे खुद ही बाहर निकल पाए।
एक अन्य ग्रामीण ने कहा कि बाढ़ इतनी अचानक आई कि उन्हें बच्चों और परिवार के साथ खाली हाथ ही घर छोड़ना पड़ा। राहत सामग्री हेलीकॉप्टर और नाव से देर से पहुंची, जिससे अधिकतर लोग स्वयं ही सुरक्षित स्थानों तक पहुंचे।




