मथुरा, जिले के कच्ची सड़क इलाके में रविवार को एक दर्दनाक हादसा हुआ, जिसमें अवैध खुदाई के दौरान एक बहुमंजिला इमारत ढह गई। इस हादसे में दो मासूम बहनों, 6 वर्षीय यशोदा और 3 वर्षीय काव्या, सहित 38 वर्षीय तोताराम की मौत हो गई। एक व्यक्ति को मलबे से जिंदा निकाला गया, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उसकी हालत स्थिर है।
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जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह ने बताया कि इमारत एक मिट्टी के टीले पर बनी थी, और अवैध खुदाई ने इसकी नींव को कमजोर कर दिया, जिससे यह हादसा हुआ। बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि कोई और मलबे में दबा न हो। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस, अग्निशमन विभाग और नगर निगम की टीमें मौके पर राहत कार्य में जुटी हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने बताया कि जेसीबी मशीन से एक भूखंड को खाली करने के लिए खुदाई की जा रही थी, जिसके कारण इमारत ढह गई। जांच में पता चला कि आसपास के अधिकांश मकान मिट्टी और ईंटों से बने थे, जो बेहद कमजोर थे। जिला प्रशासन ने इस हादसे की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। मथुरा के विधायक श्रीकांत शर्मा ने इसे “भू-माफिया की करतूत” करार देते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।




