नई दिल्ली। विटामिन D हड्डियों की मजबती और इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए आवश्यक है, लेकिन विशेषज्ञों ने चेताया है कि बिना जांच और डॉक्टरी सलाह के इसके सप्लीमेंट लेना स्वास्थ्य के लिए खतरनाक साबित हो सकता है।
लॉन्गेविटी हेल्थ क्लिनिक के सह-संस्थापक डॉक्टर वास ने कहा कि विटामिन D की कमी आम है, लेकिन हर व्यक्ति को सप्लीमेंट लेने की जरूरत नहीं होती। ज्यादातर लोग बिना लेवल जांचे रोजाना ऊंची खुराक लेने लगते हैं, जो गलत है।
अत्यधिक विटामिन D से रक्त में कैल्शियम का स्तर असामान्य रूप से बढ़ जाता है, जिससे धमनियों में सख्ती और किडनी क्षति का खतरा उत्पन्न होता है। डॉ. वास ने बताया कि विटामिन D अकेले काम नहीं करता। इसे सक्रिय करने के लिए मैग्नीशियम और कैल्शियम को हड्डियों तक पहुंचाने के लिए विटामिन K2 आवश्यक है।
विशेषज्ञों की सलाह है कि विटामिन D सप्लीमेंट शुरू करने से पहले सरल ब्लड टेस्ट करवाएं। कमी होने पर ही चिकित्सक की देखरेख में निर्धारित मात्रा लें। स्वयं निर्णय लेकर अधिक खुराक लेना गंभीर जटिलताएं पैदा कर सकता है।




