Close Menu
KhabarwaadKhabarwaad
    Top Posts

    अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना: निर्माण श्रमिकों के बच्चों के लिए 3 जुलाई तक आवेदन का मौका

    June 25, 2026

    मुख्यमंत्री साय के दिल्ली दौरे से मंत्रीमंडल में फेरबदल की चर्चाएं तेज, आज दोपहर होंगे रवाना

    June 24, 2026

    धर्मांतरण विवाद से नारायणपुर का भरण्डा गांव तनाव में, 26 परिवारों ने लगाया दबाव का आरोप

    June 24, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना: निर्माण श्रमिकों के बच्चों के लिए 3 जुलाई तक आवेदन का मौका
    • मुख्यमंत्री साय के दिल्ली दौरे से मंत्रीमंडल में फेरबदल की चर्चाएं तेज, आज दोपहर होंगे रवाना
    • धर्मांतरण विवाद से नारायणपुर का भरण्डा गांव तनाव में, 26 परिवारों ने लगाया दबाव का आरोप
    • साय कैबिनेट के बड़े फैसले: ग्रामीणों को 125 दिन रोजगार की गारंटी, ‘अटल आजीविका हाट’ और बायोगैस नीति को मंजूरी
    • छत्तीसगढ़ में मानसून की तूफानी एंट्री: 24 घंटे में 75% प्रदेश भीगा, रायपुर में झमाझम बारिश से मिली राहत
    • धार्मिक नगरी में साध्वी और पालिका अध्यक्ष के बीच तनाव, भक्तों को भड़काने समेत जान से मारने की धमकी का है आरोप  
    • नौगई तिहरे हत्याकांड पर गरमाई सियासत, मंत्री रामविचार नेताम ने परिजनों से की मुलाकात
    • नौवीं में दाखिले की जद्दोजहद ने तोड़ दिया हौसला, छात्र ने पी लिया कीटनाशक
    Facebook X (Twitter) Instagram
    KhabarwaadKhabarwaad
    Wednesday, July 8
    • Home
    • छत्तीसगढ़
      • रायपुर संभाग
      • दुर्ग संभाग
      • बिलासपुर संभाग
      • बस्तर संभाग
      • सरगुजा संभाग
    • मध्यप्रदेश
    • राष्ट्रीय समाचार
    • अपराध
    • राजनीति
    • धर्म एवं समाज
    • अफसरशाही
    • खेल
    • मनोरंजन
    • स्वास्थ्य
    • राशिफल
    • Auto & Gadget
    KhabarwaadKhabarwaad
    Home » मातृत्व अधिकार पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: गर्भपात के बाद दोबारा मां बनने पर भी मिलेगा पूरा मातृत्व अवकाश

    मातृत्व अधिकार पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: गर्भपात के बाद दोबारा मां बनने पर भी मिलेगा पूरा मातृत्व अवकाश

    Shrikant BaghmareBy Shrikant BaghmareMay 25, 2026 बिलासपुर संभाग No Comments3 Mins Read

    बिलासपुर। छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय (हाईकोर्ट) ने कामकाजी महिलाओं के मातृत्व अधिकारों को लेकर एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील फैसला सुनाया है। हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने स्पष्ट कहा है कि यदि किसी महिला कर्मचारी का गर्भपात हो जाता है और बाद में वह दोबारा गर्भवती होती है, तो पहले लिए गए अवकाश को आधार बनाकर उसे नए मातृत्व अवकाश से वंचित नहीं किया जा सकता। महिला अपने दूसरे गर्भधारण के लिए कानूनन पूरी मातृत्व छुट्टी पाने की हकदार होगी।

    जस्टिस अमितेंद्र किशोर प्रसाद की सिंगल बेंच ने यह फैसला भारतीय खाद्य निगम रायपुर में कार्यरत एक महिला कर्मचारी की याचिका पर सुनवाई के बाद दिया। कोर्ट ने महिला के वेतन से काटे गए 80 हजार 254 रुपए की रिकवरी को भी रद्द कर दिया और विभाग को राशि लौटाने के निर्देश दिए हैं।

    जुड़वां बच्चों की गर्भावस्था के दौरान आई थी गंभीर स्थिति

    मामले के अनुसार महिला कर्मचारी वर्ष 2019 में गर्भवती हुई थीं और उन्हें जुड़वां बच्चे होने वाले थे। लेकिन गर्भावस्था के दौरान गंभीर चिकित्सीय जटिलताएं उत्पन्न हो गईं। 25 अप्रैल 2019 को अस्पताल में उनका एक भ्रूण मिसकैरेज हो गया। इसके बाद डॉक्टरों की निगरानी और लंबे बेड रेस्ट के बीच 3 सितंबर 2019 को उन्होंने एक प्री-मैच्योर बच्ची को जन्म दिया।

    महिला ने मातृत्व अवकाश और मेडिकल बिलों के भुगतान के लिए विभाग में आवेदन किया था। लेकिन विभाग ने उन्हें केवल 68 दिनों का असाधारण अवकाश बिना वेतन के स्वीकृत किया। इतना ही नहीं, लीव बैलेंस नहीं होने का हवाला देते हुए उनके वेतन से 80 हजार 254 रुपए की कटौती भी कर ली गई।

    हाईकोर्ट ने कहा – मातृत्व अवकाश महिला का अधिकार

    विभागीय कार्रवाई से परेशान महिला ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने कहा कि महिला कर्मचारी गर्भपात और मातृत्व संबंधी प्रावधानों के तहत कुल 90 दिनों की छुट्टी की हकदार है और विभाग इस अधिकार को सीमित नहीं कर सकता।

    कोर्ट ने अपने फैसले में मैटरनिटी बेनिफिट एक्ट 1961 का हवाला देते हुए कहा कि मातृत्व अवकाश केवल सेवा नियमों का विषय नहीं, बल्कि महिला के सम्मान, स्वास्थ्य और संवैधानिक अधिकार से जुड़ा मुद्दा है।

    मेडिकल बिलों की भी होगी दोबारा जांच

    हाईकोर्ट ने विभाग को यह निर्देश भी दिया कि महिला कर्मचारी के लंबित 3 लाख 76 हजार 773 रुपए के मेडिकल बिलों की दोबारा जांच कर नियमानुसार उचित निर्णय लिया जाए।

    इस फैसले को कामकाजी महिलाओं के अधिकारों के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। कानूनी जानकारों का कहना है कि यह निर्णय भविष्य में ऐसे मामलों के लिए महत्वपूर्ण उदाहरण साबित होगा, जहां महिला कर्मचारियों को मातृत्व लाभ देने में तकनीकी आधार पर अड़चनें पैदा की जाती हैं।

    • Get News Portal Website @Rs.5999 | WhatsApp on +91 8871571321
    • Get Web Hosting @Rs49 | Visit - HostRT.in
    Share. Facebook Twitter LinkedIn Email Telegram WhatsApp
    Shrikant Baghmare
    • Website

    Keep Reading

    धार्मिक नगरी में साध्वी और पालिका अध्यक्ष के बीच तनाव, भक्तों को भड़काने समेत जान से मारने की धमकी का है आरोप  

    नौवीं में दाखिले की जद्दोजहद ने तोड़ दिया हौसला, छात्र ने पी लिया कीटनाशक

    दहेज प्रताड़ना और यौन उत्पीड़न का मामला हाईकोर्ट ने किया खारिज, पति पक्ष को बड़ी राहत

    दलदल में फंसा हाथी शावक, मां रातभर बचाने की कोशिश करती रही… रायगढ़ में फिर गई एक मासूम जान

    रिश्तों में जहर: घरेलू कलह ने पति-पत्नी को पहुंचाया खून-खराबे तक

    एक धमाका… और सब खत्म: फ्रिज ब्लास्ट से लगी आग में बुजुर्ग महिला की दर्दनाक मौत, परिवारों के लिए चेतावनी बन गया हादसा

    Add A Comment

    Comments are closed.

    Khabarwaad Vacancy

    Pages

    • Home
    • About Us
    • Privacy Policy
    • Contact Us

    Categories

    • छत्तीसगढ़
    • मध्यप्रदेश
    • राष्ट्रीय समाचार
    • अपराध
    •  
    • खेल
    • राजनीति
    • धर्म एवं समाज
    • मनोरंजन

    Owner / Editor Details :- 

    Name :- Shrikant Baghmare

    Contact :- 6264 390 985

    Email :- khabarwaadnews@gmail.com

     

    © 2026 Maintained By RTISPL
    • Home
    • About Us
    • Privacy Policy
    • Terms of service
    • Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.