इंदौर। लसूड़िया थाना पुलिस ने धोखाधड़ी के मामले में किसान जितेंद्र सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। आरोपी ने अपनी बेटी की शादी का हवाला देकर 20 लाख रुपये उधार लिए थे तथा बदले में जमीन देने का वादा किया था। बाद में खुलासा हुआ कि वादा की गई जमीन आरोपी के नाम पर दर्ज ही नहीं थी।
पुलिस के अनुसार, बिज्जू खेड़ी निवासी नीतू मदावाडिया की शिकायत पर जितेंद्र पुत्र विक्रम सिंह, निवासी बिज्जू खेड़ी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। शिकायत में बताया गया कि अप्रैल 2024 में जितेंद्र ने बेटी की शादी का हवाला देकर नीतू से लिखापढ़ी कर 20 लाख रुपये नकद लिए थे। इस दौरान आरोपी की पत्नी अनिता भी मौजूद थी। दोनों ने वादा किया था कि समय पर रकम न लौटाने पर अपनी जमीन नीतू के नाम कर देंगे।
पीड़िता ने 3 से 4 किस्तों में कुल 20 लाख रुपये दिए, जिसके बदले आधी जमीन का एग्रीमेंट प्राप्त किया। बाद में पता चला कि उक्त जमीन जितेंद्र के नाम पर नहीं, बल्कि उसके पिता विक्रम सिंह के नाम पर दर्ज है।
नीतू ने जब जितेंद्र से बात की तो उसने कहा कि तीन महीने बाद पिता जमीन उसके नाम कर देंगे तथा यदि रकम न लौटा पाए तो पूरा अधिकार दे देंगे। इसके लिए चार महीने का समय मांगा। हालांकि छह महीने बाद भी न रकम लौटाई गई न जमीन ट्रांसफर की गई।
रुपये मांगने पर पीड़िता आरोपी के घर पहुंची तो जितेंद्र के पिता विक्रम सिंह ने हमला करने की कोशिश की। इसी दौरान जितेंद्र का भाई जालिम सिंह पहुंचा तथा जान से मारने की धमकी दी। बाद में जितेंद्र ने पीड़िता को घर न आने की चेतावनी दी तथा कहा कि न रुपये लौटाएगा न जमीन उसके नाम करेगा।
पीड़िता की शिकायत पर लसूड़िया थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।




