वास्तु शास्त्र में घर के मुख्य द्वार को मां लक्ष्मी का प्रवेश द्वार माना गया है। यही रास्ता सकारात्मक और नकारात्मक ऊर्जा के आने का माध्यम होता है। इसलिए मुख्य द्वार के पास पौधों का चयन करते समय विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
वास्तु के अनुसार कुछ पौधे ऐसे हैं जिन्हें मुख्य द्वार पर लगाने से घर की सुख-शांति और समृद्धि पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। इनमें सबसे पहले कांटेदार पौधों का नाम आता है। ऐसे पौधे मानसिक तनाव और पारिवारिक कलह का कारण बन सकते हैं।
बोनसाई पौधे सुंदर दिखने के बावजूद वास्तु में रुकावट और आर्थिक अड़चन का प्रतीक माने जाते हैं। इन्हें मुख्य द्वार पर रखने से तरक्की रुक सकती है।
मुख्य द्वार पर सूखे या मुरझाए पौधे भी नहीं रखने चाहिए। ये नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करते हैं और घर में अशांति का माहौल बना सकते हैं।
बड़े और घने पेड़ भी मुख्य द्वार के पास नहीं लगाने चाहिए क्योंकि ये ऊर्जा के प्रवाह को रोकते हैं और धन हानि का कारण बन सकते हैं।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार पीपल का पेड़ पवित्र माना जाता है, लेकिन इसे घर के मुख्य दरवाजे पर लगाना अशुभ होता है। ऐसा करने से प्रगति में बाधा आती है और सकारात्मक ऊर्जा प्रभावित होती है।




