नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो अपने प्रभावित ऑपरेशंस को तेजी से सामान्य कर रही है। कंपनी ने बताया कि रविवार को वह 1650 से अधिक उड़ानें संचालित कर रही है, जबकि एक दिन पहले यह संख्या 1500 थी। एयरलाइन के 138 में से 137 गंतव्य पूरी तरह ऑपरेशनल हैं। समय पर उड़ान भरने की दर भी 30 प्रतिशत से बढ़कर 75 प्रतिशत हो गई है।
इंडिगो ने कहा है कि 15 दिसंबर तक टिकट कैंसिल कराने या यात्रा तिथि बदलने पर ग्राहकों से कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। रिफंड और सामान वापस लौटाने की प्रक्रिया भी तेज गति से जारी है।
सरकार का हस्तक्षेप
नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने बताया कि इंडिगो की समस्या से यात्रियों को हो रही असुविधा को कम करने के लिए त्वरित कदम उठाए गए हैं। अन्य सभी घरेलू एयरलाइंस सामान्य रूप से अपनी उड़ानें संचालित कर रही हैं, जबकि इंडिगो के संचालन में भी सुधार दिख रहा है।
हाल में इंडिगो की उड़ानें रद्द होने से कई रूटों पर हवाई किराए बढ़ गए थे। इसे रोकने के लिए मंत्रालय ने किराए की सीमा तय की, जिसके बाद किराए सामान्य स्तर पर लौट आए। सभी एयरलाइंस को निर्देश दिया गया है कि वे तय की गई किराया सीमा का सख्ती से पालन करें।
रिफंड और रीबुकिंग
मंत्रालय ने इंडिगो को निर्देश दिया है कि सभी रद्द या अत्यधिक विलंबित उड़ानों का रिफंड निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए। एयरलाइन अब तक 610 करोड़ रुपये का रिफंड कर चुकी है। यात्रा बदलने पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जाएगा। यात्रियों की सहायता के लिए विशेष टीमें भी गठित की गई हैं।
मंत्रालय ने यह भी निर्देश दिया है कि जिन यात्रियों का सामान विलंबित हुआ है, वह 48 घंटे के भीतर उन्हें वापस सौंपा जाए। एयरलाइन अब तक 3000 से अधिक बैग यात्रियों तक पहुंचा चुकी है।
एयरपोर्ट्स पर स्थिति सामान्य
दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई, हैदराबाद, अहमदाबाद और गोवा के एयरपोर्ट डायरेक्टर्स ने बताया कि सभी टर्मिनल सामान्य रूप से संचालित हो रहे हैं। चेक-इन, सुरक्षा जांच और बोर्डिंग पॉइंट पर भीड़ नहीं है। एयरपोर्ट ऑपरेटर्स और CISF ने भी ग्राउंड सपोर्ट को बढ़ाया है, जिससे यात्री सुविधाओं में सुधार हुआ है।




