ओडिशा में बीजू जनता दल (BJD) अध्यक्ष नवीन पटनायक ने बुधवार को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने भुवनेश्वर में राजभवन जाकर राज्यपाल रघुवर दास को अपना इस्तीफा सौंपा। नवीन पटनायक पिछले 24 साल से राज्य के मुख्यमंत्री थे। मंगलवार 4 जून को लोकसभा चुनाव के साथ ओडिशा में विधानसभा चुनाव के भी नतीजे आए। लोकसभा चुनाव में यहां 21 में से 20 सीटें बीजेपी को मिलीं और एक कांग्रेस को। विधानसभा चुनाव में भी यहां बीजेपी ने बाजी मार ली। 147 सीटों में से 78 सीटों पर बीजेपी ने जीत हासिल की। बीजेडी को सिर्फ 51 सीटें मिलीं।
Read Also- पीएम मोदी ने राष्ट्रपति को इस्तीफा सौंपा, मंत्रिमंडल भंग करने की सिफारिश
राज्य में पीएम मोदी का जादू चल गया। बहुमत के साथ बीजेपी ने ओडिशा में जीत हासिल की। अब बीजेपी पहली बार पूर्ण बहुमत से अकेले सरकार बनाएगी। भाजपा ने अब तक मुख्यमंत्री की घोषणा नहीं की है। पार्टी ने PM नरेंद्र मोदी के चेहरे पर ही चुनाव लड़ा। बहुत जल्द भाजपा नई सरकार बनाने का दावा पेश कर सकती है।
Read Also- केजरीवाल को नहीं मिली राहत, कोर्ट ने की अंतरिम जमानत याचिका खारिज
विधानसभा चुनाव में सीएम पटनायक दो सीटों से खड़े थे। एक हिंजिली और दूसरी कंताबांजी। हिंजिली सीट पर तो उन्होंने बीजेपी के शिशिर कुमार मिश्रा को 4636 वोटों से हराया। तीसरे नंबर पर कांग्रेस के रजनीकांत पाढी रहे। पटनायक को 66459 वोट मिले। हिंजली विधानसभा सीट सीएम पटनायक की पांरपरिक सीट रही है। तो वहीं, कांताबंजी में उन्हें हार का मुंह देखना पड़ गया। बीजेपी के लक्ष्मण बाग कांताबंजी सीट से जीत गए। उन्होंने 16344 के भारी मतों से नवीन पटनायक को हरा दिया। तीसरे नंबर पर कांग्रेस के संतोष सिंह सलूजा रहे। लक्ष्मण को 90876 वोट मिले। सीएम नवीन पटनायक को 74543 वोट मिले।




