रायपुर. अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम के गार्ड की हत्या मामले का रायपुर पुलिस ने खुलासा किया है. तीन साल पहले गार्ड की गला घोंटकर हत्या कर दी गई थी. हत्या के बाद तालाब के किनारे लाश को फेंक दिया गया था, लेकिन पुलिस ने तीन साल बाद गार्ड की हत्या करने वाले आरोपियों को दबोच लिया है. बताया जा रहा है कि आरोपियों ने चरित्र शंका के चलते गार्ड देवेश जांगड़े की हत्या की थी.
तालाब के मेड़ में मिली थी लाश
रायपुर पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि 2019 में गार्ड देवेश जांगड़े की हत्या कर दी गई थी. आरोपियों ने उसकी लाश को परसदा गांव स्थित पटखनिया तालाब के मेड़ के किनारे फेंक कर चले गए थे. इस मामले में मंदिरहसौद थाने में अपराध दर्ज था. एसएसपी प्रशांत अग्रवाल के निर्देश के बाद लंबित प्रकरणों की जांच कर मामले का निराकरण किया जा रहा है. इसी के तहत एसीसीयू और पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है. जांच में पता चला कि गांव के ही कमलेश जांगड़े, अमन जांगड़े और चंद्रशेखर जांगड़े ने मिलकर हत्या की है.
चरित्र शंका में हत्या
रायपुर ग्रामीण एएसपी कीर्तन राठौर ने बताया कि आरोपियों से पूछताछ में पता चला है कि चंदशेखर जांगड़े को शक था कि उसकी पत्नी के साथ देवेश जांगड़े का अवैध संध है. साथ ही एक अन्य आरोपी को संदेह था कि उसकी बहन के साथ भी देवेश का अवैध संबंध है. इसके बाद चंदशेखर ने अमन और कमलेश के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई. इसके बाद चंद्रशेखर और अमन मृतक को पहले शराब पिलाई. उसके बाद तालाब लेकर गए, जहां पहले से कमलेश मौजूद था. इसके बाद सभी ने मिलकर देवेश का गला घोंकर हत्या कर दिया. पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.




