रायपुर। छत्तीसगढ़ शराब घोटाले में गिरफ्तार पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल से मिलने शनिवार सुबह कांग्रेस के छत्तीसगढ़ प्रभारी सचिन पायलट रायपुर सेंट्रल जेल पहुंचे। पायलट के साथ कांग्रेस की सह प्रभारी जरिता लेतफलांग, नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत, पूर्व मंत्री शिव डहरिया और विजय जांगिड़ भी मौजूद थे।
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चैतन्य बघेल 14 दिन की न्यायिक हिरासत में
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 22 जुलाई को चैतन्य बघेल को रायपुर की विशेष अदालत में पेश किया था, जिसके बाद अदालत ने उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इससे पहले ईडी ने उनसे पांच दिन तक पूछताछ की थी।
ईडी के अनुसार, चैतन्य बघेल का नाम 1000 करोड़ रुपये से अधिक के कथित शराब घोटाले में सामने आया है। ईडी के वकील सौरभ पांडेय ने बताया कि पूछताछ के दौरान चैतन्य ने संतोषजनक जवाब नहीं दिए, जिस कारण कस्टडी की मांग की गई और बाद में उन्हें मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया।
सुप्रीम कोर्ट की ईडी को फटकार
इस मामले में एक दिन पहले, 21 जुलाई को, सुप्रीम कोर्ट ने ईडी की भूमिका पर सवाल उठाते हुए टिप्पणी की थी कि राजनीतिक लड़ाइयां चुनावों में लड़ी जानी चाहिए, जांच एजेंसियों के जरिए नहीं। अदालत ने ईडी से पूछा कि राजनीतिक द्वंद्वों में उसका इस्तेमाल क्यों हो रहा है?
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ईडी के आरोप
ईडी के अनुसार, शराब कारोबारी लक्ष्मीनारायण बंसल उर्फ पप्पू ने स्वीकार किया है कि उसने और चैतन्य बघेल ने मिलकर घोटाले की रकम का प्रबंधन किया। बताया गया कि अनवर ढेबर ने यह रकम दीपेन चावड़ा के जरिए राम गोपाल अग्रवाल को पहुंचाई, और 100 करोड़ रुपये नकद के.के. श्रीवास्तव को दिए गए।
पप्पू बंसल ने यह भी स्वीकार किया है कि उसे तीन महीने में इस घोटाले से 136 करोड़ रुपये मिले थे। अनवर ढेबर और नीतेश पुरोहित की चैट से भी इसका खुलासा हुआ है।
बचाव पक्ष की दलीलें
चैतन्य बघेल के वकील फैजल रिजवी ने ईडी के आरोपों को भ्रामक बताते हुए कहा कि जो लोन संदिग्ध बताया जा रहा है, वह 2019 में लिया गया था और अब तक 2.21 करोड़ रुपये ब्याज के रूप में चुकाए जा चुके हैं। ज्वेलर्स के मालिक ने फरवरी 2025 में सभी दस्तावेज ईडी को सौंप दिए थे।
दूसरे मामले में, त्रिलोक सिंह ढिल्लन को बेचे गए फ्लैट की राशि के स्रोत की जानकारी ढिल्लन पहले ही दे चुके हैं, और ईडी उनसे संतुष्ट भी रही थी। इसके बावजूद चैतन्य से इस संबंध में कोई पूछताछ नहीं की गई।
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भाजपा का हमला
सचिन पायलट के जेल दौरे को लेकर भाजपा विधायक पुरंदर मिश्रा ने कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, दिल्ली में पप्पू और छत्तीसगढ़ में बिट्टू ही कांग्रेस की राजनीति बन गई है। पार्टी अब सिर्फ एक परिवार तक सिमट गई है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार ने आर्थिक नाकेबंदी के दौरान मजदूरों को बुलाया, लेकिन उनके भुगतान नहीं किए गए, जिससे असंतोष बढ़ा।




