मंगलूरु, कर्नाटक: राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बजरंग दल के कार्यकर्ता सुहास शेट्टी की हत्या के मामले में शनिवार, 2 अगस्त 2025 को कर्नाटक के मंगलूरु, चिक्कमगलुरु और हासन जिलों में 18 ठिकानों पर व्यापक तलाशी अभियान चलाया। एनआईए ने इस हत्या को सामाजिक माहौल में डर और आतंक फैलाने की साजिश करार दिया है। यह मामला पहले स्थानीय पुलिस के पास था, जिसे जून 2025 में केंद्र सरकार के निर्देश पर एनआईए को सौंप दिया गया।
हत्याकांड का विवरण
1 मई 2025 को मंगलूरु के बजपे इलाके में सुहास शेट्टी अपने कुछ साथियों के साथ कार में यात्रा कर रहे थे। तभी 5-6 हमलावरों ने, जो एक कार और एक पिकअप वैन में आए थे, उनकी गाड़ी को घेर लिया। हमलावरों ने तलवारों और मछेतों (बड़ी छुरियों) से सुहास शेट्टी पर हमला किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी मृत्यु हो गई। यह पूरी घटना पास के सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई, जिसने इस क्रूर हमले की भयावहता को उजागर किया।
एनआईए की कार्रवाई
एनआईए ने इस मामले में अब तक 12 लोगों को गिरफ्तार किया है। शनिवार को की गई छापेमारी में इन गिरफ्तार आरोपियों और अन्य संदिग्धों के घरों व कार्यालयों की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान 11 मोबाइल फोन, 13 सिम कार्ड, 8 मेमोरी कार्ड और कई अन्य संदिग्ध दस्तावेज जब्त किए गए। एनआईए का कहना है कि ये तलाशी अभियान हत्या के पीछे की साजिश को उजागर करने और संभावित आतंकी नेटवर्क की जांच के लिए महत्वपूर्ण हैं।




