नई दिल्ली। गाजा पट्टी पर इजरायली सेना ने एक बार फिर बड़ा हवाई हमला किया है जिसमें कम से कम 81 फिलिस्तीनियों की मौत हो गई है और 400 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। मृतकों में बड़ी संख्या में महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। यह जानकारी गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय ने दी है।
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हमले में इजरायली सेना ने भीड़भाड़ वाले रिहायशी इलाकों, एक अपार्टमेंट, स्कूल, स्टेडियम और शरणार्थी टेंटों को निशाना बनाया। चारों ओर धूल, आग और लाशें बिखरी हुई दिखीं। विस्थापित फिलिस्तीनी यूसुफ अबू नासेर ने बताया कि हमले के बाद उन्होंने अपने घायल पिता और बहन को टेंट के नीचे से निकाला।
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ये हमले उस समय हुए जब अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक दिन पहले ही सीजफायर की संभावना जताई थी। लेकिन इजरायली कार्रवाई ने इन उम्मीदों पर पानी फेर दिया। इससे पहले शनिवार को गाजा के खान यूनिस और जाबालिया में 42 लोग मारे गए थे, वहीं शुक्रवार को 28 लोगों की मौत हुई थी। तीन दिनों में मृतकों की संख्या 150 के करीब पहुंच गई है।
दूसरी ओर, रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध भी और अधिक उग्र होता जा रहा है। 27 जून की रात रूस ने यूक्रेन पर सबसे बड़ा हवाई हमला किया। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की के अनुसार, रूस ने 477 ईरानी शाहेद ड्रोन्स और 60 मिसाइलों से हमला किया, जिसमें यूक्रेन के कई शहर तबाह हो गए।
यूक्रेन की सेना ने जवाबी कार्रवाई में 249 ड्रोन्स और मिसाइलें मार गिराईं, लेकिन तब तक लवीव, पोल्टावा, मिकोलाइव, डीनिप्रो, चर्कासी और स्मिला जैसे शहरों में भारी तबाही मच चुकी थी। दोनों संघर्ष क्षेत्रों में हालात बेहद चिंताजनक बने हुए हैं।




