नई दिल्ली। पंजाब नेशनल बैंक (PNB) घोटाले के मुख्य आरोपी और भगोड़े हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी को बेल्जियम में गिरफ्तार किया गया है. उसे 12 अप्रैल को बेल्जियम के एक अस्पताल से अरेस्ट किया गया था. कहा जा रहा है कि भारतीय जांच एजेंसियों के अनुरोध पर चोकसी की गिरफ्तारी हुई है.
ईडी और सीबीआई ने जब से चोकसी के प्रत्यर्पण की कोशिश शुरू की है, वह उसके कुछ दिन बाद से ही अस्पताल में इलाज करवा रहा था. सूत्रों के मुताबिक, चोकसी को भारत लाने की कोशिश की जाएगी. हालांकि, चोकसी अभी बेल्जियम की अदलात में कानूनी दांव पेंच का इस्तेमाल कर सकता है इसलिए कानूनी लड़ाई में कुछ वक्त लगेगा.
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सितंबर 2024 में चोकसी के प्रत्यर्पण के लिए बेल्जियम से अनुरोध किया गया था. लेकिन उस समय चोकसी के वकीलों ने कहा था कि उनके मुवक्किल की तबीयत ठीक नहीं है और वह ब्लड कैंसर से जूझ रहा है इसलिए उसका प्रत्यर्पण नहीं हो सकता. इसके बाद ईडी के अधिकारियों ने कोर्ट को बताया था कि अगर वह इलाज के लिए एंटीगुआ से बेल्जियम जा सकता है तो वह भारत जाकर भी इलाज करा सकता है. ईडी और सीबीआई के प्रत्यर्पण अनुरोध के बाद बेल्जियम पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया.
मेहुल चोकसी करोड़ों रुपये के पीएनबी घोटाले में मुख्य आरोपी हैं. ये घोटाला 13,500 करोड़ रुपये से ज्यादा का है. चोकसी 2018 से एंटीगुआ में रह रहा है. ED ने चोकसी के खिलाफ तीन चार्जशीट दाखिल की हैं. 2019 में ED ने बॉम्बे हाईकोर्ट को बताया था कि चोकसी ‘भगोड़ा और फरार’ है.




