भोपाल। राजधानी भोपाल में ड्रग्स और हिंदू लड़कियों के यौन शोषण के बहुचर्चित मामले में आरोपी मछली परिवार की अन्य अवैध संपत्तियों की जांच तेज हो गई है। इसी बीच राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से अपील की है कि मछली परिवार की कोठी के बगल में बने मदरसे को ध्वस्त किया जाए।
सरकारी जमीन पर अवैध मदरसा
प्रियंक कानूनगो ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि ग्रीन बेल्ट की सरकारी जमीन पर अवैध मदरसा बनाया गया है। आरोप है कि इसमें दूसरे राज्यों से बच्चों को लाकर उन्हें कट्टरपंथी तालीम दी जाती है।
मुख्य आरोपी की जमानत खारिज
इस मामले के मुख्य आरोपी यासीन मछली की जमानत याचिका अदालत ने खारिज कर दी है। विशेष न्यायाधीश NDPS मुकेश मालिक ने कहा कि आरोपी के फरार होने की आशंका है, इसलिए उसे जमानत नहीं दी जा सकती।
अवैध कोठी के मलबे से बनेगा निर्माण सामग्री
प्रशासन ने मछली परिवार (शारिक) की अवैध रूप से बनी तीन मंजिला आलीशान कोठी को ध्वस्त कर दिया है। लगभग 5,000 वर्गफीट क्षेत्र में बनी इस कोठी से निकले मलबे का उपयोग कर ईंट और टाइल्स बनाई जाएंगी। प्रशासन मलबे से निकले सीएंडडी वेस्ट का आंकलन कर रहा है।




