Bilaspur Latest News: बिलासपुर जिले के सहकारी बैंक में किसानों के खातों से लाखों रुपए की हेरा-फेरी सहित अन्य गड़बड़ियों का मामला सामने आया है। जांच में शामिल बैंक के दो कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया है, जबकि एक कर्मचारी का डिमोशन और तीन कर्मचारियों की वेतन वृद्धि पर रोक लगा दी गई है।
सहकारी बैंक की स्टाफ उप समिति ने मिली शिकायतों पर जांच के बाद यह कड़ी कार्रवाई की। जूनियर क्लर्क हर्षिता पटेल और धर्मेंद्र साहू को सेवा से बर्खास्त किया गया, जबकि लिपिक सह कंप्यूटर ऑपरेटर रुचि पांडे का डिमोशन किया गया। इसके अलावा लिपिक सह कंप्यूटर ऑपरेटर अनामिका साव, अनुपमा तिवारी और अशोक पटेल की दो वेतन वृद्धि पर रोक लगाई गई।
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Bilaspur Latest News: जानकारी के अनुसार, जिला सहकारी केंद्रीय बैंक नेहरू चौक, बिलासपुर के खातेदार रामकुमार कौशिक ने थाना सिविल लाइन में शिकायत की थी कि उनके बचत खाते से अज्ञात व्यक्ति द्वारा 16 अप्रैल से 16 मई 2020 तक एटीएम के माध्यम से करीब 5,57,000 रुपये का आहरण कर लिया गया था।
शिकायत के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और 24 जून 2020 को अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ धोखाधड़ी की धारा 420 के तहत मामला दर्ज किया। जांच के दौरान यह सामने आया कि बैंक के अन्य खातेदारों के खातों से भी पैसे निकाले गए थे, जबकि उन्होंने एटीएम कार्ड के लिए आवेदन नहीं किया था और न ही बैंक से एटीएम कार्ड प्राप्त किया था।
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Bilaspur Latest News: जांच अधिकारी ने पाया कि कनिष्ठ लिपिक हर्षिता पटेल के खिलाफ आरोप सही थे। उनकी स्वीकारोक्ति के आधार पर और थाना सिविल लाइन द्वारा पेश किए गए पत्र के बाद, उन्हें सेवा से पृथक करने का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही एटीएम कार्ड से हेराफेरी की गई राशि और ब्याज की वसूली के लिए सहकारी सोसायटी अधिनियम 1960 की धारा 64/84 के तहत सक्षम न्यायालय में वाद दायर करने का भी निर्णय लिया गया।




